सीट शेयरिंग को लेकर कांग्रेस-झामुमो की दिल्ली में बैठक, सिंहभूम-लोहरदगा समेत 7 सीटों पर JMM का दावा
लोकसभा चुनाव में सीट शेयरिंग को लेकर कांग्रेस-जेएमएम की शनिवार को दिल्ली में अहम बैठक हो रही है। बैठक में भाग लेने के लिए जेएमएम की ओर से परिवहन मंत्री चंपाई सोरन, विधायक सुदिव्य कुमार सोनू, पार्टी के महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य और विनोद पांडेय शुक्रवार को ही दिल्ली पहुंच चुके हैं। ये चारों नेता कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव मुकुल वासनिक की अध्यक्षता में बनी कमेटी के साथ चर्चा करेंगे। कांग्रेस की ओर से कमेटी में पार्टी के वरिष्ठ नेता सलमान खुर्शिद, मोहन प्रकाश, भूपेश बघेल, प्रदेश प्रभारी गुलाम अहमद मीर, प्रदेश अध्यक्ष राजेश ठाकुर और कांग्रेस विधायक दल के नेता आलमगीर आलम मौजूद रहेंगे।
जेएमएम की ओर से 7 सीटों पर दावेदारी
झारखंड की 14 लोकसभा सीटों में से जेएमएम की ओर सात सीटों पर दावेदारी पेश करने की बात कही जा रही है। जेएमएम की ओर से लोहरदगा और सिंहभूम पर दावेदारी की जा रही है। जमशेदपुर सीट पर इस बार कांग्रेस की ओर से दावा किया जा रहा है। इस बैठक में आरजेडी, वाम दल और जेडीयू के दावे पर भी चर्चा होगी। सिंहभूम सीट पर 2019 में कांग्रेस की गीता कोड़ा कोड़ा ने जीत हासिल की थी। जबकि लोहरदगा में काफी कम अंतर से कांग्रेस प्रत्याशी की हार हुई थी। जेएमएम की ओर से कहा जा रहा है कि सिंहभूम संसदीय क्षेत्र में जेएमएम के पांच विधायक है, जबकि लोहरदगा संसदीय क्षेत्र में जेएमएम के दो विधायक है। इसलिए इन दोनों सीटों पर पार्टी की ओर से दावेदारी की जा रही है।
2019 में कांग्रेस को मिली थी नौ सीटें
झारखंड में वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में भी कांग्रेस, जेएमएम और आरजेडी ने मिलकर चुनाव लड़ा था। जिसमें कांग्रेस को नौ सीटें मिली थी। वहीं जेएमएम के खाते में 5 सीटें गई थी। लेकिन कांग्रेस ने अपने खाते के दो लोकसभा सीटों कोडरमा-गोड्डा को जेवीएम के लिए छोड़ दी थी। कोडरमा से जेवीएम प्रमुख बाबूलाल मरांडी चुनाव लड़े, वहीं गोड्डा से प्रदीप यादव चुनाव लड़े। जबकि कांग्रेस सिंहभूम, लोहरदगा, रांची, खूंटी, हजारीबाग, चतरा और धनबाद सीट पर चुनाव लड़ी। जेएमएम को पांच सीटें दुमका, राजमहल, गिरिडीह, पूर्वी सिंहभूम और पलामू मिली। जेएमएम ने अपने खाते की पलामू सीट आरजेडी के लिए छोड़ दी थी। लेकिन आरजेडी का पलामू के अलावा चतरा सीट पर भी कांग्रेस के साथ दोस्ताना संघर्ष हुआ। इन 14 सीटों में सिर्फ दो सीटें सिंहभूम और राजमहल गठबंधन के खातें आई। जबकि 11 सीटों पर बीजेपी और 1 सीट पर आजसू पार्टी उम्मीदवार की जीत हुई थी।



