नई दिल्ली स्थित झारखंड भवन, वसंत विहार में व्यवस्थाओं की समीक्षा को लेकर औचक निरीक्षण किया गया। झारखंड सरकार के रेजिडेंट कमिश्नर अरवा राजकमल ने भवन की विभिन्न सुविधाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने भवन परिसर का विस्तार से अवलोकन किया। उन्होंने मेंटेनेंस और हाउसकीपिंग व्यवस्था की समीक्षा की। स्वच्छता की स्थिति पर विशेष ध्यान दिया गया। अतिथि कक्षों की व्यवस्था का भी निरीक्षण किया गया। कॉमन एरिया की साफ-सफाई की जानकारी ली गई। रसोईघर की कार्यप्रणाली का भी मूल्यांकन किया गया। कर्मचारियों के कार्य निष्पादन की समीक्षा की गई। अधिकारियों और कर्मचारियों से सीधे संवाद स्थापित किया गया। भवन संचालन से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा हुई। रेजिडेंट कमिश्नर ने गुणवत्तापूर्ण सेवाओं को बनाए रखने पर बल दिया। उन्होंने समयबद्ध रखरखाव को आवश्यक बताया। अतिथि सेवाओं में निरंतर सुधार करने के निर्देश दिए गए।
निरीक्षण के दौरान पार्किंग व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान दिया गया। लंबे समय से खड़े अनुपयोगी वाहनों की जानकारी ली गई। भवन परिसर में छह कंडम वाहन पाए गए। इन वाहनों की शीघ्र नीलामी प्रक्रिया शुरू करने का निर्देश दिया गया। उन्होंने कहा कि इससे पार्किंग क्षेत्र का बेहतर उपयोग संभव होगा। कार्यालयी स्थानों के प्रभावी प्रबंधन पर भी चर्चा की गई। उपलब्ध संसाधनों के सुव्यवस्थित उपयोग पर जोर दिया गया। निरीक्षण में कुछ सीसीटीवी कैमरे बंद पाए गए। इस पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त की। संबंधित अधिकारियों को तत्काल मरम्मत कराने का निर्देश दिया गया। सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था को मजबूत बनाने पर बल दिया गया। भवन संचालन में तकनीकी संसाधनों के बेहतर उपयोग की बात कही गई। उन्होंने कहा कि सभी सुविधाएं हमेशा क्रियाशील रहनी चाहिए। इससे आगंतुकों को बेहतर अनुभव प्राप्त होगा।
रेजिडेंट कमिश्नर अरवा राजकमल ने कहा कि झारखंड भवन राज्य का प्रतिनिधि संस्थान है। यहां आने वाले अतिथियों को सर्वोत्तम सुविधाएं मिलनी चाहिए। उन्होंने व्यवस्थाओं में लगातार सुधार की आवश्यकता बताई। भवन के आधुनिकीकरण पर भी विशेष जोर दिया गया। आगंतुकों के लिए सुविधाजनक वातावरण तैयार करने की बात कही गई। उन्होंने अधिकारियों को जिम्मेदारी के साथ कार्य करने का निर्देश दिया। कर्मचारियों से सेवा गुणवत्ता बनाए रखने की अपेक्षा की गई। भवन की स्वच्छता और अनुशासन पर विशेष ध्यान देने को कहा गया। उपलब्ध संसाधनों का अधिकतम उपयोग सुनिश्चित करने की बात कही गई। उन्होंने कहा कि बेहतर प्रबंधन से सेवाओं की गुणवत्ता बढ़ेगी। निरीक्षण के दौरान कई आवश्यक सुझाव भी दिए गए। अधिकारियों को निर्देशों के त्वरित अनुपालन का आदेश दिया गया। झारखंड भवन की व्यवस्थाओं को और सुदृढ़ बनाने की दिशा में यह निरीक्षण महत्वपूर्ण माना जा रहा है।



