नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने पासपोर्ट नियमों में संशोधन किया है, जिससे 1 अक्टूबर, 2023 को या उसके बाद पैदा हुए पासपोर्ट आवेदकों के लिए सक्षम अधिकारियों द्वारा जारी जन्म प्रमाण पत्र जन्मतिथि का एकमात्र प्रमाण बन गया है।
इस सप्ताह 1980 के पासपोर्ट नियमों में संशोधन को प्रभावी करने के लिए एक आधिकारिक नोट जारी किया गया था।
अधिकारियों ने कहा कि आधिकारिक राजपत्र में संशोधन प्रकाशित होने के बाद नए नियम लागू होंगे।
यह खबर क्यों महत्वपूर्ण है?
यह खबर पासपोर्ट नियमों में एक महत्वपूर्ण बदलाव को दर्शाती है, जो जन्मतिथि के प्रमाण के लिए नियमों को सख्त बनाती है। यह खबर उन लोगों के लिए विशेष रूप से महत्वपूर्ण है जो 1 अक्टूबर, 2023 को या उसके बाद पैदा हुए हैं।
मुख्य बातें:
1 अक्टूबर, 2023 को या उसके बाद पैदा हुए पासपोर्ट आवेदकों के लिए जन्म प्रमाण पत्र जन्मतिथि का एकमात्र प्रमाण होगा।
नए नियम आधिकारिक राजपत्र में संशोधन प्रकाशित होने के बाद लागू होंगे।
यह खबर हमें क्या बताती है?
यह खबर हमें बताती है कि पासपोर्ट नियमों में बदलाव हो रहे हैं। यह खबर हमें यह भी बताती है कि हमें अपने दस्तावेजों को अद्यतन रखना चाहिए।
हमें क्या करना चाहिए?
हमें पासपोर्ट नियमों में बदलावों के बारे में जानकारी रखनी चाहिए।
हमें अपने जन्म प्रमाण पत्र को सुरक्षित रखना चाहिए।
हमें पासपोर्ट के लिए आवेदन करने से पहले सभी आवश्यक दस्तावेज तैयार रखने चाहिए।



