जहाँ इजरायल और अमेरिका के झंडे फहराने के आरोप में दो व्यक्तियों को हिरासत में लिया गया है। इस घटना ने स्थानीय स्तर पर “शांति भंग” करने का आरोप लगाया गया है और इसने सुरक्षा एजेंसियों के बीच चिंताएं बढ़ा दी हैं।
जानकारी के अनुसार, आरोपियों की पहचान श्रीनगर के बलहामा निवासी मोहसिन अली डार और बिलाल अहमद डार के रूप में हुई है। तीसरे व्यक्ति, आमिर अली डार का नाम भी सामने आया है। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए इन व्यक्तियों को हिरासत में ले लिया है और उनसे पूछताछ कर रही है कि उन्होंने ये झंडे क्यों फहराए। कश्मीर में ऐसे किसी भी विदेशी झंडे का प्रदर्शन बेहद संवेदनशील माना जाता है और इसे अक्सर राजनीतिक या अशांति फैलाने के प्रयास के रूप में देखा जाता है।
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब मध्य पूर्व में इजरायल और ईरान के बीच तनाव चरम पर है। कश्मीर में इस तरह के झंडे फहराना न केवल स्थानीय भावनाओं को भड़का सकता है, बल्कि इससे सांप्रदायिक सौहार्द भी बिगड़ सकता है। पुलिस ने कहा है कि ऐसे कृत्यों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और शांति भंग करने की कोशिश करने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।



