खजाना खाली, 5अरब डॉलर कर्ज 3 महीने में, न सोना न पैसा, महंगाई से हाहाकार… कैसे बचेगा पाकिस्तान?

पाकिस्तान का हाल बुरी तरह से बदहाल हो चुके हैं. देश का विदेशी मुद्रा भंडार अन्य देशों के लिए भारी-भरकम खर्च के बावजूद कम होता जा रहा है. पाकिस्तान ने विदेशों से पिछले 3 महीनों में 5 अरब डॉलर से अधिक का कर्ज लिया है. अब पाकिस्तान सलाना 20 अरब डॉलर कर्ज भुगतान का भार है.
गिरवी रखा था सोना भारत ने
पाकिस्तान अपने बदहाल हालातों के लिए आज पूरी दुनिया में चर्चा का विषय बना हुआ है. देश का विदेशी मुद्रा भंडार गिरता जा रहा है. और उसी तेजी से गोल्ड रिजर्व भी घट रहा है. आखिर इस फाइनेंशियल क्राइसिस से निकलने के लिए उसके पास कौन-कौन से विकल्प है. क्या भारत की तरह सोना गिरवी रखने का ऑप्शन पाकिस्तान चुन सकता है. तो आइए देश के ताजा हालात के बारे में जाने!
उस विकल्प के बारे में सबसे पहले हम बात कर लेते हैं. जिसके दम पर भारत 90 के दशक में पैसे जुटाने के लिए अपनाया था. भारत के इतिहास में 1991 के वर्ष को आर्थिक सुधारों के नजरिए से सबसे अहम माना जाता है. भारत की अर्थव्यवस्था इससे पहले खुली नहीं थी. भारतीय रिजर्व बैंक के पूर्व गवर्नर डॉ. सी. रंगराजन की किताब में कई खुलासे किए जा चुके हैं.



