केजरीवाल ने बताया कि ECI ने यह फैसला AAP के एक प्रतिनिधिमंडल द्वारा निर्वाचन आयोग के अधिकारियों से मुलाकात के बाद लिया। उन्होंने कहा, “खुशखबरी है कि अवध ओझा का वोट अब स्थानांतरित हो गया है और वह नामांकन दाखिल कर पाएंगे।”
AAP का आरोप:
इससे पहले केजरीवाल ने चुनाव प्रक्रिया में गड़बड़ी का आरोप लगाया था। उन्होंने कहा कि ओझा ने 7 जनवरी को वोट स्थानांतरण के लिए फॉर्म 8 भरा था, लेकिन दिल्ली के मुख्य चुनाव अधिकारी ने अवैध रूप से यह समयसीमा 6 जनवरी कर दी थी।
केजरीवाल ने इसे ओझा को चुनाव लड़ने से रोकने की “साजिश” बताया।
भाजपा पर आरोप:
केजरीवाल ने भाजपा उम्मीदवार परवेश वर्मा पर नकद, जैकेट, कंबल, जूते और चश्मे बांटकर मतदाताओं को लुभाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, “किडवई नगर में कंबल बांटे गए, दूसरी कॉलोनी में जूते, और अन्य जगहों पर नकदी व अन्य सामान वितरित किए जा रहे हैं। लेकिन स्थानीय डीएम की रिपोर्ट में कहा गया है कि ऐसी कोई गतिविधि नहीं हो रही।”
भाजपा का पलटवार:
दिल्ली भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि “AAP की हार सुनिश्चित है और इसी हताशा में केजरीवाल अब चुनाव अधिकारियों पर भी आरोप लगाने लगे हैं।”


