यह घटनाक्रम टोरंटो में खालिस्तान समर्थकों द्वारा आयोजित एक परेड के दौरान हुआ, जिसमें कथित तौर पर कुछ ऐसी तस्वीरें और बैनर प्रदर्शित किए गए थे जिन्हें भारत ने आपत्तिजनक और राष्ट्र विरोधी माना है। भारतीय विदेश मंत्रालय ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए कनाडाई उच्चायोग को तलब किया और अपनी कड़ी आपत्ति दर्ज कराई। भारत ने कहा कि इस प्रकार की गतिविधियां दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों के लिए हानिकारक हैं।
भारतीय पक्ष ने कनाडाई सरकार से यह सुनिश्चित करने का आग्रह किया है कि कनाडा की धरती का इस्तेमाल भारत विरोधी गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए न किया जाए। उन्होंने ऐसे तत्वों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की जो अलगाववाद को बढ़ावा दे रहे हैं और भारत की संप्रभुता और अखंडता को चुनौती दे रहे हैं। भारत ने उम्मीद जताई कि कनाडा इस मामले में उचित कदम उठाएगा और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति को रोकेगा।



