बीच रास्ते घेर कर हेडमास्टर की पिटाई, मुखिया के गुर्गे मांग रहे रंगदारी
बिहार के सरकारी स्कूलों में बड़े पैमाने पर शिक्षकों की नियुक्ति हो रही है। राज्य सरकार इसकी वाहवाही भी लूट रही है। सरकार की ओर की गई इस पहल का बेरोजगार नौजवान काफी तारीफ कर रहे हैं। इसके अलावा हेडमास्टर भी बहाल हो रहे हैं। मगर, पहले से जो हेडमास्टर है, उनकी बानगी औरंगाबाद के नरारी कला खुर्द इलाके में दिखी। जहां दंबग मुखिया के गुर्गों ने रंगदारी के लिए बीच रास्ते में घेरकर पिटाई कर दी।
5 हजार रंगदारी नहीं देने पर पिटाई
नरारी कला खुर्द थाने के अनकोरहा गांव में सरकारी स्कूल जा रहे हेडमास्टर सतीश प्रसाद की दबंगों ने लात-घूंसे से जमकर पिटाई कर दी। कनपट्टी में पिस्टल सटा कर जान से मारने की धमकी दी। दबंग कोई और नहीं बल्कि अंकोरहा के मुखिया प्रतिनिधि राकेश गिरी और संजय गिरी है। हेडमास्टर का कसूर सिर्फ यही था कि उन्होंने मुखिया प्रतिनिधि और उनके गुर्गे को हर महीने 5 हजार रुपए नहीं दिए। जिसका खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ा।
स्कूल जाने के दौरान रास्ते में पिटाई
दरअसल, मुखिया प्रतिनिधि और उनके गुर्गों ने एमडीएम (मिड डे मील) में काफी बचत बताते हुए हेडमास्टर से हर महीने 5 हजार रुपए की डिमांड की थी। जिसपर हेडमास्टर ने यहां तक कहा कि आप ही चलाइए मैं कहां से दूंगा। अगर पैसे आपको दे देता हूं तो बच्चों को कहां से खिलाऊंगा। यही बात मुखिया प्रतिनिधि और उनके गुर्गों को नागावार गुजरी और स्कूल जाने के दौरान हेडमास्टर को रोककर पहले तो जमीन पर पटक दिया। फिर जमकर पिटाई कर दी।
गंभीर हालत में गया रेफर
हेडमास्टर को काफी चोटें आई है। उनके सीने, सिर और कमर में चोट है। इलाज कराने सदर अस्पताल आए तो परिजनों ने बताया की बार-बार फोन कर पैसों की मांग की जा रही थी। परिजनों ने नरारी कला खुर्द थाने में दो लोगों के खिलाफ आवेदन दिया है। पुलिस से न्याय की गुहार लगाई है। चिकित्सक अभिषेक कुमार ने बताया कि प्राथमिक इलाज की गई है और सिर और सीने में काफी चोट है। जिससे सांस लेने में काफी मुश्किल हो रही थी। स्थिति गंभीर देखते हुए मगध मेडिकल कॉलेज गया के लिए रेफर कर दिया गया।



