बिरसा मुंडा की जन्मस्थली क्यों आ रहे पीएम मोदी, जानें 5 राज्यों में विधानसभा चुनाव के बीच इस दौरे के सियासी मायने
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 15 नवंबर को अमर शहीद बिरसा मुंडा की जयंती पर झारखंड आ रहे हैं। वे बिरसा मुंडा की जन्मस्थली खूंटी जिले के उलिहातू स्थित पैतृक गांव जाएंगे। प्रधानमंत्री के इस दौरे को राजनीतिक दृष्टिकोण से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अमर शहीद बिरसा मुंडा के नेतृत्व में क्षेत्र के आदिवासियों ने अंग्रेजों के खिलाफ बड़ी लड़ाई लड़ी थी। झारखंड ही नहीं देशभर में बिरसा मुंडा का नाम प्रमुख स्वतंत्रता सेनानियों-क्रांतिकारियों में लिया जाता है। बीजेपी नेतृत्व वाली केंद्र सरकार बिरसा मुंडा जयंती पर हर साल 15 नवंबर को पूरे देश में जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाने का निर्णय ले चुकी है। अब पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देशभर के आदिवासी मतदाताओं को बताना चाहते हैं कि बीजपी शासनकाल में ही उनके एक प्रमुख नेता को सम्मान मिला। बिरसा मुंडा के गांव उलिहातू से प्रधानमंत्री कई योजनाओं की शुरुआत भी करेंगे। वे बिरसा मुंडा के गांव जाने वाले पहले प्रधानमंत्री होंगे। ‘आदिवासी’ आइकान बिरसा मुंडा को राजनीतिक सुर्खियों में वापस लाकर प्रधानमंत्री देशभर में जनजातीय समुदाय के बीच संदेश देना चाहते हैं। 15 नवंबर ‘जनजातीय गौरव दिवस’ पर प्रधानमंत्री खूंटी में ‘पीएम-पीवीटीजी डेवलपमेंट मिशन’ का भी शुभारंभ करेंगे।
25 हजार क्षमता वाले हैंगर का निर्माण पूरा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खूंटी के बिरसा कॉलेज स्थित फुटबॉल स्टेडियम में जनसभा को भी संबोधित करेंगे। सभा स्थल पर हैंगर का निर्माण किया जा रहा है। 25 हजार क्षमता वाले हैंगर निर्माण को दो दिनों में पूरा लेने का दावा किया गया है। एक सौ से ज्यादा कर्मी सभा स्थल में लोगों के बैठने के लिए विशाल हैंगर का निर्माण कार्य पूरा करने में जुटे हैं। फुटबॉल स्टेडियम को पूरी तरह से सुविधायुक्त और सुरक्षित बनाया जा रहा है। सभी गेट पर पुलिस बलों की तैनाती रहेगी। वीवीआईपी गेट, वीआईपी गेट और सामान्य प्रवेश द्वार बनाए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री को सुनने के लिए आसपास के सभी जिलों से बड़ी संख्या में बीजेपी कार्यकर्ताओं के खूंटी पहुंचने की संभावना हैं।
जन्मस्थली आकर्षक तरीके से सजधज कर तैयार
भगवान बिरसा मुंडा की जन्मस्थली उलिहातू में 15 नवंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आगमन को लेकर सारी तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। उलिहातू गांव में शहीद बिरसा मुंडा जिस घर में रहते थे, उसे आकर्षक तरीके से सजाया गया है। सोहराय पेटिंग के माध्यम से पहाड़, जंगल और हाथी समेत प्रकृति से जुड़े दृश्यों से पूरे गांव को सजाया-संवारा गया है।



