अमेरिकी इतिहास की सबसे विनाशकारी आग, बर्बाद हुआ हवाई का एक बड़ा हिस्सा, 89 मौतों पर भारत दुखी
अमेरिकी राज्य हवाई इस समय जल रहा है। मध्य प्रशांत महासागर में स्थित ज्वालामुखीय द्वीपों का समूह जंगल की आग (Wildfires) की चपेट में है। अमेरिका में भारतीय मिशन ने इस आग से हुए जान-माल के नुकसान और तबाही पर दुख जाहिर किया है। भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट के माध्यम से इस चुनौतीपूर्ण समय के दौरान शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। यह विनाशकारी आग अब तक 89 लोगों की जान ले चुकी है।
भारतीय मिशन ने पोस्ट में लिखा, ‘हवाई के माउई में विनाशकारी जंगल की आग से हम बहुत दुखी हैं। इस कठिन घड़ी में हमारी संवेदनाएं शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं। हम प्रार्थना करते हैं कि स्थानीय समुदाय को ताकत मिले और स्थिति जल्द ही सामान्य हो जाए।’ रविवार को जारी की गई एक एरियल फुटेज से तबाही का अंदाजा लगाया जा सकता है। आग ने द्वीप के एक बड़े हिस्से को तबाह कर दिया है। आग से हजारों लोग बेघर हो चुके हैं और इसके बाद पुनर्निर्माण में कई साल लग सकते हैं।
अब तक 89 लोगों की मौत
हवाई में माउई के जंगलों में लगी आग में कम से कम 89 लोगों की मौत हो गई है। अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी। अमेरिका के एक सदी के इतिहास में यह जंगल में आग लगने की सबसे घातक घटना है। जंगल की आग ने ऐतिहासिक शहर लाहिना को लगभग पूरी तरह से नष्ट कर दिया है, जो एक लोकप्रिय पर्यटन स्थल और कभी हवाई राज्य की राजधानी थी।
अमेरिकी इतिहास की सबसे भयानक आग
इससे पहले उत्तरी कैलिफोर्निया में बट काउंटी के जंगलों में 2018 में लगी आग में 85 लोगों की मौत हुई थी। इस घटना को ‘कैम्प फायर’ नाम से जाना जाता है। इससे पूर्व 1918 में मिनेसोटा के कार्लटन काउंटी के वनों में लगी आग में हजारों घर जल कर राख हो गए थे और सैंकड़ों लोगों की जान गई थी। इसे ‘क्लोक्वेट फायर’ के तौर पर जाना जाता है। अधिकारियों ने बताया कि पश्चिमी माउई के कानापाली में शुक्रवार शाम को आग भड़क गई थी लेकिन अधिकारियों ने इसे बुझाने में कामयाबी हासिल की।



