कांगो में संयुक्त राष्ट्र विरोधी प्रदर्शनों के दौरान बीएसएफ के दो जवान हो गए शहीद, 15 लोगों की हुई मौत

मध्य अफ्रीकी देश कांगो के पूर्वी हिस्से में चल रहे संयुक्त राष्ट्र विरोधी प्रदर्शनों में अब तक लगभग 15 लोगों की जान जा चुकी है। इन हिंसक प्रदर्शनों में सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के दो जवान भी शहीद हो गए हैं। ये दोनों जवान राजस्थान के निवासी थे और हेडकांस्टेबल के पद पर कार्यरत थे। इनकी पहचान हेडकांस्टेबल शिशुपाल सिंह और हेडकांस्टेबल सांवला राम बिश्नोई के रूप में हुई है। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने उनकी शहादत पर गहरा शोक व्यक्त किया और शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। दोनों सैनिक कांगो संयुक्त राष्ट्र शांति मिशन का हिस्सा थे।
बुटेंबो में हिंसक विरोध के दौरान घायल होने के बाद दोनों जवानों ने तोड़ा दम
अंतरराष्ट्रीय मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, कांगो के पूर्वी शहर गोमा में संयुक्त राष्ट्र मिशन के खिलाफ प्रदर्शन के दूसरे दिन कम से कम पांच लोग मारे गए और लगभग 50 अन्य घायल हो गए। बीएसएफ के प्रवक्ता ने बताया कि 26 जुलाई को कांगो के बुटेम्बो में तैनात संयुक्त राष्ट्र शांति रक्षक दल में शामिल बीएसएफ के दो जवानों ने हिंसक सशस्त्र विरोध के दौरान घायल होने के बाद दम तोड़ दिया। अधिकारियों ने बताया कि वहां 70 से 74 बीएसएफ जवानों की दो पलटन तैनात थी।
विदेश मंत्री एस जयशंकर का शोक संदेश
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने ट्वीट किया कि कांगो में बीएसएफ के दो बहादुर भारतीय शांति सैनिकों की शहादत पर गहरा दुख हुआ। वे संयुक्त राष्ट्र शांति मिशन का हिस्सा थे। इन हमलों के अपराधियों को न्याय के कठघरे में लाया जाना चाहिए। कांगो में संयुक्त राष्ट्र विरोधी प्रदर्शन के दौरान बीएसएफ के हेडकांस्टेबल शिशुपाल सिंह और हेडकांस्टेबल सांवला राम बिश्नोई शहीद हो गए।
संयुक्त राष्ट्र ने जवानों की हत्या की निंदा की
संयुक्त राष्ट्र विरोधी प्रदर्शनों में 15 लोगों मौत
पूर्वी कांगो में संयुक्त राष्ट्र मिशन के खिलाफ दो दिनों से चल रहे प्रदर्शनों में कम से कम 15 लोगों की मौत हो गई है और कई घायल हुए हैं। संयुक्त राष्ट्र ने पुष्टि की कि नॉर्थ कीवु प्रांत के बुटेम्बो में एक शांति रक्षक और दो अंतरराष्ट्रीय पुलिसकर्मियों की मौत हो गई है तथा एक अन्य घायल हो गया है। हिंसक हमलावरों ने कांगो के पुलिसकर्मियों से हथियार छीनकर संयुक्त राष्ट्र कर्मियों पर गोलीबारी की।
हमलावरों ने संयुक्त राष्ट्र बल के अड्डों पर हमला किया
संयुक्त राष्ट्र के उप प्रवक्ता फरहान हक ने बताया कि संयुक्त राष्ट्र शांति रक्षकों समेत असैन्य नागरिकों के मारे जाने की खबरों की जांच की जाएगी। मंगलवार को सैकड़ों हमलावरों ने गोमा और नॉर्थ कीवु के अन्य हिस्सों में संयुक्त राष्ट्र बल के अड्डों पर हमला किया। हक ने बताया कि भीड़ पथराव कर रही है, पेट्रोल बम फेंक रही है, अड्डों में घुस रही है, लूटपाट, तोड़फोड़ और आगजनी कर रही है। त्वरित प्रतिक्रिया बलों को भेजकर स्थिति संभालने की कोशिश की जा रही है, लेकिन हिंसा के समाप्त होने का कोई संकेत नहीं है।



