नई दिल्ली: 21 जून को विश्वभर में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2025 मनाया जाएगा। यह दिन प्राचीन भारतीय अभ्यास योग के शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक लाभों के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए समर्पित है। इस वर्ष भी देश और विदेश में कई प्रमुख कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, जो योग के सार्वभौमिक संदेश को जन-जन तक पहुंचाएंगे।
जो योग के व्यक्तिगत कल्याण और सामुदायिक सद्भाव में भूमिका पर जोर देती है। यह थीम दर्शाती है कि योग न केवल व्यक्ति के अंदर शांति और संतुलन लाता है, बल्कि यह स्वस्थ और सामंजस्यपूर्ण समाज के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इस वर्ष का मुख्य कार्यक्रम आंध्र प्रदेश के कृष्णा जिले में आयोजित किया जाएगा, जहाँ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मुख्य अतिथि होंगे। इस भव्य आयोजन में हजारों लोग एक साथ योग का अभ्यास करेंगे, जिससे एक नया विश्व रिकॉर्ड बनने की भी संभावना है।
योग दिवस के अवसर पर पूरे भारत में विभिन्न मंत्रालय, राज्य सरकारें, शैक्षिक संस्थान और योग संगठन विशेष सत्र और कार्यशालाएं आयोजित करेंगे। विदेशों में भी भारतीय दूतावास और सांस्कृतिक केंद्र योग प्रदर्शन और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करेंगे। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस केवल एक दिन का समारोह नहीं है, बल्कि यह योग को अपने जीवन का हिस्सा बनाने और उसके अनमोल लाभों को अपनाने का एक अवसर है। यह दिन स्वास्थ्य, कल्याण और वैश्विक एकता के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को मजबूत करता है।


