प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महिलाओं के लिए अब तक लिए यह बड़े फैसले, क्या है उनकी जमीनी हकीकत जाने!

2019 के लोकसभा चुनाव में बीजेपी की बड़ी जीत के पीछे महिला वोटरों के समर्थन को बड़ी वजह माना जाता है. नरेंद्र मोदी सरकार की यह लोकप्रियता उज्जवला योजना से बड़े पैमाने पर ग्रामीण महिलाओं को गैस सिलेंडर मिला जिसमें जिससे उनका समर्थन महिलाओं ने किया. यही कारण है कि बीजेपी ने 9 साल के अपने कार्यकाल में महिलाओं के लिए कई योजनाओं की शुरुआत की.
ट्रिपल तलाक के खिलाफ कानून हो या बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना की शुरुआत कर महिलाओं का लिंगानुपात बढ़ाना हो. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने इन फैसलों से महिलाओं के जीवन को लगातार बेहतर बनाया है. ऐसे में सवाल उठता है कि इन फसलों का भारत की महिलाओं के जीवन पर क्या असर पड़ रहा है और भारत की महिलाओं के लिए कौन-कौन सी योजनाएं उनकी जिंदगी को बेहतर बना सकती है.
उज्ज्वला योजना
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना की शुरुआत साल 2016 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने की थी. इस योजना का मकसद मार्च 2020 तक भारत के 8 करोड़ परिवारों तक गैस कनेक्शन पहुंचाना था. अभी तक प्रधानमंत्री उज्जवला योजना के तहत 9 करोड़ कनेक्शन दिए जा चुके हैं. 2021-22 वित्त वर्ष में PMUY 2.0 शुरू किया गया कि इसके तहत एक करोड़ ज्यादा कनेक्शन दिए जाने का प्रावधान किया गया था.
‘द हिंदू’ की एक रिपोर्ट की मानें तो वित्त वर्ष (2021-22) में एक करोड़ लाभार्थियों ने अपने सिलेंडर सिर्फ़ एक बार ही भरवाए थे. इसके अलावा साल 2022 में केंद्र सरकार ने संसद में उज्ज्वला योजना के तहत दिए गए गैस कनेक्शन की रिफिलिंग के आंकड़े बताएं.



