रामगढ़ जिले के भुरकुंडा थाना क्षेत्र के पाली गांव से दुखद खबर सामने आई है। यहां एक ही परिवार के तीन लोगों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। मृतकों में संगीता और उसके दो बेटे रामकिशुन व साहिल शामिल हैं। शुरुआती जानकारी के अनुसार परिवार के दोनों बेटों की तबीयत पहले खराब हुई थी। उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया था। जांच के दौरान दोनों में मलेरिया और टाइफाइड की पुष्टि होने की बात सामने आई थी। इसके बाद कथित तौर पर चिकित्सकीय उपचार के साथ झाड़-फूंक भी कराया गया। दोनों बेटों की हालत धीरे-धीरे गंभीर होती चली गई। इलाज के दौरान दोनों की मौत हो गई। घटना के बाद परिवार और गांव में शोक का माहौल है।
दोनों बेटों की तबीयत बिगड़ने के बाद उनकी मां संगीता की हालत भी खराब हो गई। परिजनों ने उसे रामगढ़ के अस्पताल में भर्ती कराया। वहां से डॉक्टरों ने बेहतर इलाज के लिए उसे रिम्स रेफर कर दिया। इसके बाद संगीता को रांची स्थित रिम्स ले जाया गया। रिम्स में उसका इलाज चल रहा था। इलाज के दौरान देर रात संगीता ने भी दम तोड़ दिया। एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत से गांव में हड़कंप मच गया। घटना की जानकारी मिलने के बाद आसपास के लोग भी मौके पर जुटने लगे। ग्रामीणों के बीच घटना को लेकर अलग-अलग तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। हालांकि, मौत की वास्तविक वजह को लेकर अभी स्थिति पूरी तरह स्पष्ट नहीं है।
मामले की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस आसपास के लोगों से घटना को लेकर जानकारी जुटा रही है। ग्रामीणों और परिजनों से भी पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि तीनों की मौत किन परिस्थितियों में हुई। बीमारी के इलाज और झाड़-फूंक से जुड़े पहलुओं की भी जानकारी ली जा रही है। फिलहाल पुलिस ने मौत के कारण को लेकर कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं दिया है। पोस्टमार्टम और जांच से मौत की सही वजह सामने आने की उम्मीद है। घटना के बाद स्वास्थ्य संबंधी लापरवाही को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों में इस घटना को लेकर चिंता का माहौल है। पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की तस्वीर साफ हो सकेगी।



