मामला 15 अगस्त को मृत छात्र के भाई द्वारा दर्ज कराया गया, जिसमें उसने आरोप लगाया कि हसीना सहित अन्य आरोपी छात्र आंदोलन के दौरान हुए हिंसक घटनाओं में शामिल थे, जिसमें उसके भाई की जान चली गई थी और कई अन्य छात्र घायल हुए थे।
अदालत में यह मामला जब पेश किया गया, तब ढाका के अतिरिक्त मुख्य महानगर मजिस्ट्रेट एमडी जियादुर रहमान ने जांच रिपोर्ट की समयसीमा तय की।
हसीना, जो वर्तमान में 77 वर्ष की हैं, अगस्त 5 को हिंसक विरोध प्रदर्शन के बाद भारत चली गई थीं। विरोध प्रदर्शनों की वजह सरकारी नौकरियों में कोटा प्रणाली को लेकर हुआ विवाद था, जिसमें जुलाई के मध्य से अब तक सैकड़ों लोगों की जान गई है। अन्य आरोपियों में पूर्व गृह मंत्री असदुज्जमां खान, अवामी लीग के महासचिव ओबैदुल कादर, पूर्व कानून मंत्री अनिसुल हक और पूर्व पुलिस महानिदेशक चौधरी अब्दुल्ला अल-मामुन शामिल हैं।
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur.