झारखंड पुलिस के DGP की नियुक्ति से जुड़े मामले में गुरुवार 17 सितंबर को सुनवाई नहीं हो सकी। मामले की सुनवाई के दौरान संबंधित राज्यों की ओर से पेश अधिवक्ताओं ने समय मांगा। अधिवक्ताओं ने अलग-अलग बिंदुओं पर जवाब देने के लिए अदालत से मोहलत मांगी। न्यायालय ने उनकी मांग को स्वीकार कर लिया। इसके बाद मामले की सुनवाई के लिए नई तारीख तय की गई। अदालत ने अगली सुनवाई 22 सितंबर को निर्धारित की है। इससे पहले मामले को लेकर न्यायालय में सुनवाई की प्रक्रिया चल रही थी। गुरुवार को पक्षकारों की ओर से जवाब दाखिल करने के लिए अतिरिक्त समय मांगा गया। अदालत ने परिस्थितियों को देखते हुए समय देने का निर्णय लिया। अब इस मामले में 22 सितंबर को आगे की सुनवाई होगी।
DGP नियुक्ति का मामला झारखंड पुलिस के शीर्ष पद से जुड़ा हुआ है। इसी कारण मामले की सुनवाई पर संबंधित पक्षों की नजर बनी हुई है। गुरुवार की सुनवाई में राज्यों के अधिवक्ताओं ने अपने पक्ष से जुड़े मुद्दों पर जवाब के लिए समय मांगा। उन्होंने अदालत को अलग-अलग बिंदुओं पर जवाब प्रस्तुत करने की जरूरत बताई। न्यायालय ने अधिवक्ताओं की मांग पर विचार किया। इसके बाद सुनवाई को आगे की तारीख के लिए स्थगित कर दिया गया। अदालत ने 22 सितंबर को अगली सुनवाई की तारीख तय की। अब संबंधित पक्षों को उस दिन अपने जवाब और दलीलें रखने का अवसर मिलेगा। मामले में आगे की न्यायिक प्रक्रिया उसी सुनवाई के आधार पर बढ़ेगी। फिलहाल गुरुवार को कोई अंतिम आदेश पारित नहीं हुआ है।
22 सितंबर की सुनवाई में मामले से जुड़े पक्षों के जवाब महत्वपूर्ण रहेंगे। अदालत के समक्ष अलग-अलग बिंदुओं पर स्थिति स्पष्ट की जानी है। संबंधित राज्यों के अधिवक्ताओं की ओर से मांगा गया समय अदालत ने स्वीकार किया है। इसके चलते गुरुवार की सुनवाई आगे नहीं बढ़ सकी। अब सभी संबंधित पक्ष अगली तारीख की तैयारी करेंगे। अदालत में उनके जवाब और दलीलें प्रस्तुत की जा सकती हैं। DGP नियुक्ति से जुड़े इस मामले की अगली सुनवाई पर प्रक्रिया आगे बढ़ने की उम्मीद है। न्यायालय के आदेश के अनुसार 22 सितंबर को मामले को फिर से सुना जाएगा। तब तक संबंधित पक्षों को जवाब तैयार करने का समय मिल गया है। फिलहाल मामले की सुनवाई 22 सितंबर तक के लिए टल गई है।



