कई राज्यों में तेज बारिश और गरज के साथ बौछारें संभव।
नई दिल्ली: भारत में मानसून ने अब गति पकड़ ली है.
यह खबर उन क्षेत्रों के लिए बड़ी राहत लेकर आएगी जो लंबे समय से भीषण गर्मी और सूखे जैसी स्थिति का सामना कर रहे हैं। मानसून का यह आगे बढ़ना देश के कृषि क्षेत्र के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण है।
मौसम विभाग के अनुसार, यह अपेक्षित मानसूनी बारिश मध्य, पूर्वी और पश्चिमी भारत में गर्मी से बहुप्रतीक्षित राहत दिलाएगी। इन क्षेत्रों में पिछले कुछ समय से तापमान सामान्य से काफी अधिक बना हुआ था, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ था। बारिश से न केवल तापमान में गिरावट आएगी, बल्कि पीने के पानी की कमी और भूजल स्तर में गिरावट जैसी समस्याओं से भी कुछ हद तक निजात मिलेगी। किसानों के लिए यह बारिश बुवाई के कार्यों को गति देने में सहायक होगी।
मौसम विशेषज्ञों ने संबंधित राज्यों के निवासियों को सतर्क रहने और आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी है, क्योंकि भारी बारिश के कारण कुछ निचले इलाकों में जलभराव और यातायात बाधित होने की संभावना है। यह भी संभव है कि गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की घटनाएं भी हो सकती हैं। कुल मिलाकर, यह मानसून की सक्रियता देश के एक बड़े हिस्से के लिए सकारात्मक संकेत है, जो प्रकृति को फिर से जीवंत करेगी और अर्थव्यवस्था को भी गति प्रदान करेगी।


