शिवसागर, असम: असम के शिवसागर जिले में तेल एवं प्राकृतिक गैस निगम (ONGC) के एक कुएं से हुए भीषण गैस रिसाव ने गंभीर संकट पैदा कर दिया है। इस घटना से कम से कम 1,500 निवासी सीधे तौर पर प्रभावित हुए हैं, जिसके कारण स्थानीय अधिकारियों को 70 परिवारों को उनके घरों से निकालकर सुरक्षित राहत शिविरों में स्थानांतरित करना पड़ा है। ONGC इस रिसाव को नियंत्रित करने के लिए लगातार संघर्ष कर रहा है, लेकिन अभी तक पूरी सफलता नहीं मिल पाई है, जिससे चिंताएं बढ़ गई हैं।
केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए स्वयं इसकी विस्तृत समीक्षा की है। उन्होंने ONGC के वरिष्ठ अधिकारियों से बात की और संकट को जल्द से जल्द नियंत्रित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए। ONGC की विशेषज्ञ टीमें लगातार मौके पर मौजूद हैं और गैस रिसाव को रोकने के लिए तकनीकी विशेषज्ञता का उपयोग कर रही हैं। हालांकि, रिसाव की जटिल प्रकृति के कारण इसे पूरी तरह नियंत्रित करने में अभी भी चुनौतियां आ रही हैं।
गैस रिसाव के कारण स्थानीय निवासियों में डर का माहौल है, क्योंकि इससे स्वास्थ्य और पर्यावरण संबंधी गंभीर खतरे उत्पन्न हो सकते हैं। राहत शिविरों में स्थानांतरित किए गए परिवारों को भोजन, आश्रय और आवश्यक चिकित्सा सहायता प्रदान की जा रही है। प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्र के आसपास एक सुरक्षा घेरा बना दिया है ताकि कोई और दुर्घटना न हो। सरकार और ONGC दोनों ही इस संकट को प्राथमिकता के आधार पर हल करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए दीर्घकालिक उपाय करने पर विचार कर रहे हैं ताकि क्षेत्र के लोगों की सुरक्षा और स्वास्थ्य सुनिश्चित किया जा सके।


