उन्होंने इंडिया-मिडिल ईस्ट-यूरोप इकोनॉमिक कॉरिडोर (IMEEC) का जिक्र करते हुए कहा कि यह वैश्विक व्यापार के लिए अहम साबित होगा।
मुख्य बिंदु:
- भारत अब ‘दुनिया की फैक्ट्री’ के रूप में उभर रहा है।
- दशकों तक भारत को ‘बैक ऑफिस’ कहा जाता था, लेकिन अब यह बदलाव हो रहा है।
- दुनिया भारत की आर्थिक प्रगति को बारीकी से देख रही है।
- ग्लोबल कंपनियां भारत में निवेश के लिए उत्सुक हैं।
- IMEEC भारत का वैश्विक व्यापार में महत्वपूर्ण योगदान देगा।
- भारत में हर दिन नई उपलब्धियां और रिकॉर्ड बन रहे हैं।
- प्रयागराज में संपन्न ‘महा कुंभ ऑफ यूनिटी’ का भी किया जिक्र।
- कहा, दुनिया भारत की आयोजन क्षमता और नवाचार को पहचान रही है।
- भारत कई वैश्विक सम्मेलनों की अगुवाई कर चुका है।
- आज भारत में ‘पॉजिटिव न्यूज’ की कोई कमी नहीं है।
- अर्थव्यवस्था में तेज़ी से हो रहा विकास पूरी दुनिया के लिए प्रेरणा है।
- मेड इन इंडिया उत्पादों की वैश्विक मांग बढ़ रही है।
- डिजिटल इंडिया और स्टार्टअप संस्कृति भारत को आगे ले जा रही है।
- प्रधानमंत्री ने ‘आत्मनिर्भर भारत’ के विजन को फिर से दोहराया।
- भारत का तकनीकी और बुनियादी ढांचा सुधार रहा है।
- नए आर्थिक मार्ग से व्यापार और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
- भारत दुनिया का एक प्रमुख विनिर्माण केंद्र बन रहा है।
- सरकार नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा देने पर ध्यान दे रही है।
- प्रधानमंत्री ने भारत की उपलब्धियों पर गर्व व्यक्त किया।
- भारत वैश्विक अर्थव्यवस्था में बड़ी भूमिका निभाने के लिए तैयार।


