मेटा को इंस्टाग्राम और व्हाट्सएप के अधिग्रहण पर एंटीट्रस्ट मुकदमा का सामना करना होगा.
मेटा (पहले फेसबुक) को इंस्टाग्राम और व्हाट्सऐप जैसे लोकप्रिय सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के अधिग्रहण को लेकर एंटीट्रस्ट का मुकदमा लड़ना होगा।
यह मुकदमा अमेरिकी सरकार द्वारा दायर किया गया है और इसमें आरोप लगाया गया है कि मेटा ने अपनी बाजार हिस्सेदारी बढ़ाने के लिए प्रतिस्पर्धी कंपनियों को खरीदकर बाजार में एकाधिकार स्थापित करने की कोशिश की है। क्या है एंटीट्रस्ट कानून: एंटीट्रस्ट कानून उन कानूनों को कहते हैं जो किसी एक कंपनी को बाजार में बहुत अधिक शक्ति हासिल करने से रोकते हैं। इन कानूनों का उद्देश्य प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देना और उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा करना है। मुकदमे के आरोप: अमेरिकी सरकार का आरोप है कि मेटा ने इंस्टाग्राम और व्हाट्सऐप को खरीदकर सोशल मीडिया बाजार में अपना वर्चस्व स्थापित करने की कोशिश की है। सरकार का कहना है कि इन अधिग्रहणों से प्रतिस्पर्धा कम हुई है और उपभोक्ताओं को कम विकल्प मिल रहे हैं। मेटा का पक्ष: मेटा ने इन आरोपों से इनकार किया है। कंपनी का कहना है कि उसने इंस्टाग्राम और व्हाट्सऐप को इसलिए खरीदा था क्योंकि ये दोनों कंपनियां तेजी से बढ़ रही थीं और इनके साथ मिलकर मेटा अपने उपयोगकर्ताओं को बेहतर सेवाएं प्रदान कर सकता था। क्या होगा आगे: अब इस मामले की सुनवाई अदालत में होगी। दोनों पक्ष अपने-अपने दावे पेश करेंगे और अदालत फैसला सुनाएगी। अगर अदालत मेटा के खिलाफ फैसला देती है तो कंपनी को इंस्टाग्राम और व्हाट्सऐप को बेचने के लिए मजबूर किया जा सकता है।



