Ranchi: विधानसभा घेराव खत्म होने के बाद लौट रहे छात्रों और पुलिस के बीच नोकझोंक हो गई। घटना सोमवार शाम करीब 6:30 बजे की बताई जा रही है। नोकझोंक के बाद पुलिस की ओर से छात्रों पर लाठीचार्ज किया गया। लाठीचार्ज होते ही मौके पर भगदड़ की स्थिति बन गई। अंधेरा होने के कारण छात्र इधर-उधर भागते नजर आए। घटना में कई छात्रों के घायल होने की जानकारी सामने आई है। इसके बाद सोशल मीडिया पर पुलिस की कार्रवाई को लेकर कई पोस्ट किए गए। वहीं पुलिस का कहना है कि लौटते समय छात्रों की ओर से पत्थरबाजी की गई थी। पुलिस के अनुसार पत्थरबाजी के बाद स्थिति को नियंत्रित करने के लिए कार्रवाई की गई। घटना के दौरान JLKM नेता देवेंद्र नाथ महतो को भी चोट लगी। उन्हें इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
जानकारी के अनुसार विधानसभा घेराव के बाद अभ्यर्थी वापस लौट रहे थे। इसी दौरान छात्रों और प्रशासन के बीच किसी बात को लेकर नोकझोंक शुरू हो गई। इसके बाद अभ्यर्थियों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। आरोप है कि भीड़ की ओर से पुलिस के साथ गाली-गलौज भी की गई। इसके बाद पुलिस की ओर से लाठीचार्ज किए जाने की सूचना मिली। भूख हड़ताल पर बैठे देवेंद्र नाथ महतो भी अभ्यर्थियों के साथ सड़क पर बैठ गए। पुलिस ने अभ्यर्थियों को वहां से हटने के लिए कहा। पुलिस के कहने के बाद भी अभ्यर्थियों के नहीं हटने पर प्रशासन ने उन्हें हटाने का प्रयास किया। इसी दौरान धक्का-मुक्की की स्थिति बन गई। इसके बाद पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। लाठीचार्ज में देवेंद्र नाथ महतो को भी चोट लग गई। उन्हें तत्काल इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया।
JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के खिलाफ छात्र कई दिनों से आंदोलन कर रहे हैं। सोमवार को आंदोलन ने बड़ा रूप लिया और 24 जिलों से छात्र विधानसभा घेराव के लिए पहुंचे। छात्रों ने विधानसभा की ओर बढ़ने के दौरान कई जगह पुलिस को चुनौती दी। कई स्थानों पर पुलिस और छात्रों के बीच नोकझोंक हुई। छात्र अलग-अलग रास्तों से होते हुए विधानसभा के गेट तक पहुंच गए। कुछ छात्र पहाड़ी रास्तों से तो कुछ खेतों के रास्ते विधानसभा तक पहुंचे। छात्रों को रोकने के लिए पुलिस ने दिनभर कई बार कार्रवाई की। इस दौरान दो से तीन बार लाठीचार्ज किए जाने की जानकारी है। विधानसभा घेराव के बाद लौटते समय हुई घटना ने आंदोलन को लेकर फिर से चर्चा बढ़ा दी है। फिलहाल पुलिस और छात्रों की ओर से घटना को लेकर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं।



