इस अभियान का उद्देश्य जनता के साथ संवाद स्थापित कर सरकार द्वारा दी जाने वाली मुफ्त सेवाओं (रेवड़ी) के बारे में चर्चा करना है।
मुख्य बातें:
- 65,000 कार्यकर्ता होंगे शामिल: इस अभियान के तहत 65,000 से अधिक पार्टी कार्यकर्ता दिल्ली के अलग-अलग हिस्सों में बैठकें करेंगे और जनता से सीधे जुड़ेंगे।
- जनता का पैसा, जनता की रेवड़ी: केजरीवाल ने कहा कि जनता के पैसे से दी जाने वाली सुविधाएं जनता का अधिकार हैं।
- गोपल राय का बयान: दिल्ली के आप संयोजक गोपाल राय ने कहा कि जनता एक बार फिर केजरीवाल सरकार को चुनने के लिए तैयार है।
- स्थानीय उम्मीदवारों पर जोर: राय ने बताया कि पार्टी के सभी उम्मीदवार स्थानीय समुदाय से जुड़े हुए हैं।
- जनता से संवाद: ‘आपके विधायक, आपके द्वार’ और पदयात्राओं के जरिए पार्टी जनता से निरंतर संपर्क में है।
- विकास कार्यों पर चर्चा: अभियान में केंद्र सरकार और बीजेपी सांसदों के कार्यों की तुलना आप सरकार के कार्यों से की जाएगी।
- बीजेपी पर निशाना: राय ने कहा कि दिल्ली में बीजेपी सांसदों का रिकॉर्ड जनता के बीच सवालों के घेरे में है।
- नई रणनीति: केजरीवाल ने अधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर चुनाव के लिए विस्तृत कार्ययोजना बनाई है।
- विपक्ष की आलोचना का जवाब: विपक्ष की ‘फ्री रेवड़ी’ वाली आलोचना पर आप ने कहा कि ये सेवाएं जनता के जीवन स्तर में सुधार लाती हैं।
- कमजोर क्षेत्रों पर ध्यान: पार्टी उन क्षेत्रों पर खास ध्यान दे रही है, जहां आप के पास फिलहाल प्रतिनिधित्व नहीं है।
चुनावी तैयारियां:
- सर्वे आधारित उम्मीदवार चयन: पार्टी ने स्थानीय नागरिकों के फीडबैक पर आधारित उम्मीदवार चयन प्रक्रिया अपनाई है।
- पहली सूची जारी: आप ने 11 उम्मीदवारों की पहली सूची पहले ही जारी कर दी है।
- जमीनी स्तर पर काम: कार्यकर्ताओं को जनता से जुड़े मुद्दों पर फोकस करने को कहा गया है।
क्यों है यह अभियान खास?
यह अभियान न केवल चुनावी तैयारियों को गति देगा, बल्कि जनता को यह भी दिखाएगा कि आप सरकार की नीतियां कैसे उनके जीवन में सुधार ला रही हैं।



