JharkhandStates

रेलवे स्टेशनों पर 22 अक्टूबर को होगा जन संवाद.

स्वच्छता और ई-कचरे के निपटान पर रहेगा जोर, युवाओं से मांगे जाएंगे सुझाव.

दक्षिण पूर्व रेलवे 22 अक्टूबर को चार रेल मंडलों के स्टेशनों पर रेल जन संवाद आयोजित करेगा। यह कार्यक्रम रांची, चक्रधरपुर, आद्रा और खड़गपुर मंडलों में आयोजित किया जाएगा। रेलवे ने इस पहल को विशेष अभियान 6.0 का हिस्सा बनाया है। इसका मुख्य उद्देश्य रेलवे परिसरों में सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाना है। इसके साथ ही ई-कचरे के उचित निपटान पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। कार्यक्रम में यात्रियों और आम नागरिकों को अपनी बात रखने का अवसर मिलेगा। रेलवे इस संवाद में युवाओं, खासकर जेन-जी की भागीदारी बढ़ाना चाहता है। अधिकारियों का मानना है कि युवा यात्रियों के सुझावों से रेलवे सेवाओं को आधुनिक बनाने में मदद मिलेगी। यात्रियों से स्टेशन की सुविधाओं और स्वच्छता व्यवस्था को लेकर सीधे प्रतिक्रिया ली जाएगी। इसके जरिए रेलवे को समस्याओं और सुधार की जरूरत वाले क्षेत्रों की जानकारी मिल सकेगी। अधिकारियों का उद्देश्य यात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाना है। संवाद के दौरान सफाई से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा होगी। ई-कचरे के प्रबंधन को लेकर लोगों में जागरूकता बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा। रेलवे की योजना नागरिकों की भागीदारी से स्टेशन परिसर को अधिक साफ-सुथरा बनाने की है। इस पहल के तहत संवाद के बाद सफाई अभियान भी चलाया जाएगा।
यात्रियों से सुझाव मिलने और चर्चा पूरी होने के तुरंत बाद संबंधित स्टेशनों पर सघन सफाई अभियान शुरू होगा। रांची और चक्रधरपुर समेत चारों मंडलों के प्रमुख स्टेशनों पर वरिष्ठ अधिकारी अभियान का नेतृत्व करेंगे। वे सफाई कार्यों की निगरानी भी करेंगे। छोटे स्टेशनों पर कार्यक्रम और सफाई अभियान की जिम्मेदारी स्टेशन प्रबंधकों को सौंपी जाएगी। रेलवे का प्रयास है कि संवाद से मिले सुझावों को सुविधाओं में सुधार के लिए उपयोग किया जाए। इस आयोजन के माध्यम से यात्रियों और रेलवे प्रशासन के बीच सीधा संपर्क मजबूत करने की योजना है। स्वच्छता और ई-कचरे के उचित प्रबंधन को अभियान का महत्वपूर्ण हिस्सा बनाया गया है। रेलवे को उम्मीद है कि नागरिकों की सक्रिय भागीदारी से स्टेशन परिसरों में बेहतर व्यवस्था विकसित की जा सकेगी। कार्यक्रम में मिलने वाली प्रतिक्रियाएं भविष्य की सुधार योजनाओं में उपयोगी हो सकती हैं। इस तरह रेल जन संवाद को यात्रियों की जरूरतों को समझने का एक अवसर बनाया जा रहा है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button